वाराणसी। बनारस रेल इंजन कारखाना (बरेका) में महाप्रबंधक श्री आशुतोष पंत के कुशल मार्गदर्शन में 55वें “राष्ट्रीय संरक्षा सप्ताह” का भव्य आयोजन किया जा रहा है। सप्ताहव्यापी चलने वाले इस अभियान के अंतर्गत आज विभिन्न कार्यक्रमों के माध्यम से कर्मचारियों और जनमानस को सुरक्षा के प्रति जागरूक किया गया।
प्रभात फेरी से दिया सुरक्षा का संदेश
कार्यक्रम की शुरुआत मुख्य संरक्षा अधिकारी श्री राम जन्म चौबे द्वारा ‘जन-जागरूकता प्रभात फेरी’ को हरी झंडी दिखाकर की गई।
- रूट: कुंदन तिराहा से शुरू होकर यह फेरी सूर्य सरोवर, काली मंदिर, बैंक ऑफ बड़ौदा और बरेका कॉलोनी होते हुए पुनः कुंदन तिराहे पर संपन्न हुई।
- आकर्षण: हाथों में संरक्षा नारों की तख्तियाँ और बैनर लिए प्रतिभागियों के जोश से पूरा परिसर “सुरक्षा ही संकल्प है” जैसे उद्घोषों से गुंजायमान रहा।
कर्मशाला में प्रशिक्षण और पुरस्कार वितरण
लोको डिवीजन में कर्मचारियों के लिए विशेष सत्र आयोजित किए गए, जिसमें फायर फाइटिंग और व्यक्तिगत संरक्षा उपकरण (PPE) के उपयोग का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया।
”संरक्षा केवल एक नियम नहीं, बल्कि जीवन जीने का तरीका है।”
इस दौरान कर्मचारियों ने ‘संरक्षा शपथ’ ली और संरक्षा प्रश्नोत्तरी (Quiz) में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले कर्मचारियों को पुरस्कृत भी किया गया। साथ ही, परिसर में कार्यरत संविदा (Contractual) श्रमिकों को भी सुरक्षा उपकरणों के प्रति प्रशिक्षित किया गया।

नन्हे हाथों ने रंगों से उकेरी सुरक्षा की परिभाषा
बच्चों में जागरूकता फैलाने हेतु बरेका पेंटिंग स्कूल “कलांजलि” में एक प्रतियोगिता आयोजित की गई। इसका विषय था: “उन्नत सुरक्षा के लिए लोगों को संलग्न करें, शिक्षित करें और सशक्त बनाएँ”। बच्चों ने अपनी कला के माध्यम से सुरक्षा के विभिन्न पहलुओं को बेहद खूबसूरती से दर्शाया।
इनकी रही गरिमामयी उपस्थिति
इस अवसर पर मुख्य रूप से उप मुख्य संरक्षा अधिकारी श्री अक्षय कांत धुसिया, सहायक कार्मिक अधिकारी श्री पीयूष मिंज, सेंट जॉन्स एम्बुलेंस ब्रिगेड, नागरिक सुरक्षा संगठन, भारत स्काउट एंड गाइड के सदस्य और रेलवे सुरक्षा बल (RPF) के जवान मौजूद रहे।
विशेष नोट: बरेका संरक्षा अनुभाग द्वारा यह 55वाँ राष्ट्रीय संरक्षा सप्ताह 04 से 10 मार्च तक मनाया जा रहा है, जिसका मुख्य उद्देश्य शून्य दुर्घटना के लक्ष्य को प्राप्त करना है।
